Search
Close this search box.

MGAHV हिंदी विश्वविद्यालय का 27 वां स्थापना दिवस 8 नवंबर, 2024 को

👇खबर सुनने के लिए प्ले बटन दबाएं

हिंदी विश्वविद्यालय का 27 वां स्थापना दिवस 8 नवंबर, 2024 को

हिंदी विश्वविद्यालय का 27 वां स्थापना दिवस समारोह सोमवार को

 

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय का 27 वां स्थापना दिवस समारोह सोमवार को कुलपति डॉ. भीमराय मेत्री की अध्यक्षता में टैगोर सांस्कृतिक संकुल के निराला प्रेक्षागृह में पूर्वाह्न 10:30 बजे आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम का प्रारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं कुलगीत से किया जाएगा। विश्वविद्यालय के एक वर्ष का प्रगति प्रतिवेदन अनुवाद एवं निर्वचन विद्यापीठ के अधिष्ठाता प्रो. कृष्ण कुमार सिंह प्रस्तुत करेंगे। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों के लिए आयोजित की गयी विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा।

इसके पहले गांधी हिल पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा तथा समता भवन प्रांगण स्थित डॉ. बाबासाहब भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर कुलपति डॉ. भीमराय मेत्री माल्यार्पण करेंगे। कार्यक्रम का प्रारंभ विश्वविद्यालय के प्रथमा भवन के प्रांगण में कुलपति डॉ. भीमराय मेत्री ‘विश्वविद्यालय का ध्वज’ फहराकर करेंगे। इस अवसर पर सुरक्षा कर्मियों द्वारा बैंड पर देशभक्ति की धुनें बजाई जाएंगी और विश्वविद्यालय का कुलगीत प्रस्तुत किया जाएगा। इसके पश्चात कुलपति द्वारा विवेकानंद हिल पर पौधारोपण किया जाएगा।‌ कार्यक्रम में गणमान्य नागरिकों सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी एवं विद्यार्थी प्रत्यक्ष रूप से तथा विवि के कोलकाता, प्रयागराज क्षेत्रीय केंद्र व श्री चक्रधर स्वामी मराठी भाषा एवं तत्वज्ञान अध्ययन केंद्र, रिद्धपुर के शिक्षक, कर्मचारी एवं विद्यार्थी ऑनलाइन सहभागिता करेंगे। स्थापना दिवस पर सायं 6:00 बजे से सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर विवि के कुलसचिव डॉ. धरवेश कठेरिया ने कार्यक्रम में उपस्थित रहने का आह्वान किया है।

 

READ MORE

[the_ad id="32069"]

READ MORE

दिनांक 15 अगस्त को शिक्षा विभाग से संबंधित उच्चस्तरीय समिति के गठन की घोषित पहल के संदर्भ में समिति के व्यापक कार्यादेश एवं कार्यक्षेत्र में राज्य की संपूर्ण स्कूली एवं उच्च शिक्षा व्यवस्था से जुड़े नीतिगत, संरचनात्मक एवं सेवा-संबंधी विषयों को समाहित किए जाने के संबंध में।

वित्त रहित शिक्षा नीति की समाप्ति के उपरांत परीक्षाफल आधारित वेतनानुदान से आच्छादित माध्यमिक, इंटरमीडिएट एवं डिग्री महाविद्यालयों के शिक्षकों एवं शिक्षकेत्तर कर्मियों के बकाया वेतनानुदान के एकमुश्त भुगतान तथा सम्मानजनक नियमित वेतन-संरचना निर्धारित किए जाने के संबंध में अनुरोध ।

बिहार में गुणवत्तापूर्ण शिक्षक-निर्माण, शिक्षण-प्रशिक्षण की गुणवत्ता एवं एकरूपता तथा शैक्षणिक शोध एवं नवाचार को सुदृढ़ करने हेतु पृथक् “राज्य शिक्षण-प्रशिक्षण विश्वविद्यालय” की स्थापना के संबंध में अनुरोध।