*कीर्ति जयंती पर विश्वविद्यालय परिसर स्थित कीर्ति वाटिका की उपेक्षा पर उठा सवाल*
कोसी में शिक्षा जगत के विश्वकर्मा कहे जाने वाले कीर्ति नारायण मंडल की जयंती के अवसर पर पूर्व छात्र नेता डॉक्टर हर्ष वर्धन सिंह राठौर ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर भूपेंद्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय प्रशासनिक परिसर में अतिथिशाला के सामने स्थित कीर्ति वाटिका की उपेक्षा और प्रवेश रोक पर आपत्ति जताते हुए इसे कीर्ति बाबू का अपमान बताया है।जारी प्रेस विज्ञप्ति में डॉक्टर हर्ष वर्धन सिंह राठौर ने कहा है कि महामना कीर्ति नारायण मंडल के सम्मान में एनएसएस स्वंयसेवकों की मांग एवं तत्कालीन एनएसएस समन्वयक प्रो अब्दुल लतीफ की पहल पर तत्कालीन कुलपति प्रो आर पी श्रीवास्तव ने अतिथिशाला के सामने वाले परिसर की साफ सफाई कर एनएसएस स्वंयसेवक उज्जल द्वारा तैयार नक़्शे पर पार्क का निर्माण कराया था वहीं बाद के कुलपति ने पहल कर एसबीआई शाखा बीएनएमयू को कीर्ति वाटिका के सौंदर्यीकरण की जिम्मदारी दी तो लगा यह वाटिका कीर्ति बाबू के सम्मान का एक आदर्श परिसर साबित होगा।
डॉक्टर हर्ष वर्धन सिंह राठौर ने कहा कि यह दुखद है कि वर्तमान कुलपति के कार्यकाल में जहां कीर्ति वाटिका कुव्यवस्था का शिकार हुआ वहीं परिसर के मुख्य द्वार पर ताला लगाकर प्रवेश को रोक दिया गया जो कीर्ति नारायण मंडल सरीखे महामना के कृतित्व एवं व्यक्तित्व को ठेस पहुंचाने जैसा है।डॉक्टर राठौर ने कीर्ति बाबू की जयंती के अवसर पर साफ शब्दों में मांग किया कि विश्वविद्यालय प्रशासन अविलंब कीर्ति वाटिका को सुव्यवस्थित कर इसे आमजन के लिए खोले कुलपति द्वारा इस क्षेत्र के पुरखों के अपमान को बर्दास्त नहीं किया जाएगा।













